औरंगाबाद, बिहार।
बिहार विधान परिषद के मगध शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में चुनावी गतिविधियां तेज हो गई है। एक तरफ जहां महागठबंधन से संजीव श्याम, एनडीए से जीवन कुमार मैदान में हैं तो तीसरा कोण बनाने में जुटे हैं माध्यमिक शिक्षक संघ के उपाध्यक्ष देववंश सिंह। शिक्षकों में खासे लोकप्रिय देववंश सिंह के मैदान में आने से मामला त्रिकोणीय हो गया है।
देववंश सिंह निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर मैदान में आये हैं।

औरंगाबाद में अपने चुनावी अभियान में पहुंचे देववंश सिंह ने बताया कि वे शिक्षकों के हितों से जुड़े मुद्दे पर सालों से संघर्ष कर रहे हैं। बिहार प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेश सचिव के पद पर रहकर वे लगातार शिक्षकों की भलाई के लिए कार्य करते रहे हैं। सत्ताधारी और विपक्ष दोनों ही बारी बारी से सत्ता में बने हुए हैं लेकिन शिक्षकों की समस्या जस की तस है। शिक्षकों की समस्या का समाधान एक शिक्षक ही कर सकता है इसीलिए वे मैदान में आये हैं।

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कितना विस्तृत है मगध शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र
मगध स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में मगध प्रमंडल के गया, नवादा, औरंगाबाद, जहानाबाद और अरवल जिले शामिल हैं। वहीं शाहाबाद के भोजपुर, कैमूर, रोहतास और बक्सर जिले शामिल हैं।
इस दौरान देववंश बाबू के साथ माध्यमिक शिक्षक संघ के पूर्व जिलाध्यक्ष हजारी सिंह, विजय गोप, राजा जगन्नाथ हाई स्कूल शिक्षक राजाराम पाल, धर्मपुरा इंटर स्कूल के प्रभारी धर्मेंद्र कुमार, संयुक्त सचिव, बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ विनय कुमार, गया कॉलेज के प्रोफेसर महेश यादव, समेत औरंगाबाद अनुमंडल के दर्जनों शिक्षक मौजूद थे।



