औरंगाबाद, बिहार।
समाधान यात्रा के तहत औरंगाबाद पहुंचे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर कुर्सी का टुकड़ा फेंके जाने की खबर को जिला प्रशासन ने भ्रामक और अफवाह बताया है। इस बात का खंडन डीएम ने किया है।
उन्होंने बताया कि कुछ मीडिया समूह के द्वारा खबर चलाई जा रही है कि औरंगाबाद में विरोध के कारण कुर्सी का टुकड़ा फेंका गया है। यह खबर पूर्णत: गलत है।
डीएम ने बताया कि संपूर्ण कार्यक्रम का वीडियो IPRD के माध्यम से विभिन्न सोशल प्लेटफॉर्म पर लाइव चलाया गया था। जिससे यह स्पष्ट है कि न किसी स्थान पर विरोध हुआ है और ना ही किसी स्थल पर नागरिकों को मिलने से रोका गया है।

कुर्सी का टुकड़ा कार्यक्रम स्थल पर आने के संबंध में पाया जा रहा है कि नागरिकों से मिलते हुए एक स्थल पर नागरिक अति उत्साह में जिंदाबाद के नारे लगा रहे थे और कुछ बच्चे माननीय मुख्यमंत्री जी को देखने लिए कुर्सी पर खड़े हो गए थे, संभवत: एक कुर्सी टूटने से कुर्सी का टुकड़ा छिटक कर अंदर आया था जो किसी को लक्षित नही था।
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इस दौरान सभी नागरिक अच्छे माहौल में माननीय मुख्यमंत्री से मिल रहे थे और लगभग आधे घंटे तक माननीय मुख्यमंत्री नागरिकों के बीच थे। मीडिया और अन्य प्रशासनिक पदाधिकारी भी स्थल पर ही थे। किसी प्रकार का विरोध प्रदर्शन उस स्थल पर नही था।



