औरंगाबाद(राजेश रंजन)। जिले में स्थित एनटीपीसी पावर प्लांट के दूसरा पेज का कार्य तेजी से जारी है। इस कार्य के पूरा होने के साथ ही नबीनगर एनटीपीसी द्वारा देश में ऊर्जा उत्पादन में दूसरा स्थान प्राप्त कर लिया जाएगा। चीफ एक्सिक्यूटिव ऑफिसर ने बताया कि प्लांट ने ऊर्जा उत्पादन में देश में दूसरा मुकाम हासिल कर लिया है। जिससे देश और राज्य को गर्व हो रहा है। इसके साथ ही उन्होंने प्लांट के एसआईआर फंड द्वारा कराए गए विभिन्न सामाजिक और विकास कार्यों का विवरण दिया।
औरंगाबाद के स्थित एनटीपीसी लिमिटेड के नबीनगर सुपर थर्मल पावर परियोजना ने ऊर्जा उत्पादन और सामाजिक विकास के क्षेत्र में लगातार नई उपलब्धियां हासिल कर रही है। मंगलवार को ईटीवी भारत से चर्चा के दौरान परियोजना प्रबंधन एल के बेहेरा ने संयंत्र की वर्तमान उपलब्धियों, भविष्य की योजनाओं तथा ग्रामीण विकास से जुड़े कार्यों की विस्तृत जानकारी साझा की।
परियोजना प्रमुख एल. के. बेहेरा ने कहा कि एनटीपीसी नबीनगर केवल बिजली उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के सामाजिक और आर्थिक विकास में भी सक्रिय भूमिका निभा रहा है। उन्होंने बताया कि 1980 मेगावाट क्षमता वाला यह ताप विद्युत संयंत्र बिहार की बिजली आपूर्ति व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण आधार बन चुका है।
वर्ष 2025-26 के दौरान परियोजना ने 12,932 मिलियन यूनिट से अधिक बिजली उत्पादन कर उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। इस अवधि में प्लांट का प्लांट लोड फैक्टर (PLF) 78.28 प्रतिशत दर्ज किया गया, जिसे अधिकारियों ने संयंत्र की तकनीकी दक्षता और बेहतर संचालन क्षमता का प्रमाण बताया।
800 मेगावाट क्षमता की तीन नई इकाइयों के साथ देश में दूसरे स्थान पर होगा नबीनगर
पपरियोजना पदाधिकारी एल के बेहेरा ने बताया कि परियोजना के स्टेज-II के अंतर्गत 800 मेगावाट क्षमता की तीन नई इकाइयों का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। प्रधानमंत्री द्वारा पिछले वर्ष इसकी आधारशिला रखे जाने के बाद निर्माण प्रक्रिया निरंतर प्रगति पर है। स्टेज-II के पूरा होने के बाद परियोजना की कुल उत्पादन क्षमता बढ़कर 4360 मेगावाट हो जाएगी, जिससे नबीनगर देश के प्रमुख ताप विद्युत संयंत्रों में शामिल हो जाएगा अधिकारियों के अनुसार नई इकाइयों से मार्च 2029 तक बिजली उत्पादन शुरू होने की संभावना है। श्री बेहेरा ने बताया कि स्टेज-II में अत्याधुनिक एयर कूल्ड कंडेंसर सिस्टम का उपयोग किया जाएगा, जिससे पानी की खपत में उल्लेखनीय कमी आएगी। साथ ही तीनों इकाइयों में अल्ट्रा सुपर क्रिटिकल तकनीक अपनाई जाएगी, जिससे उच्च तापमान और दबाव पर अधिक दक्षता के साथ बिजली उत्पादन संभव होगा। एनटीपीसी नबीनगर सामाजिक दायित्वों के निर्वहन में भी सक्रिय है। कंपनी के सीएसआर, आर एंड आर तथा सीडी कार्यक्रमों के तहत 22 से अधिक गांवों में शिक्षा, स्वास्थ्य, आधारभूत संरचना और कौशल विकास से जुड़े कार्य संचालित किए जा रहे हैं।
इस सम्बंध में परियोजना प्रमुख ने कहा कि आसपास के गांवों के लोग एनटीपीसी परिवार का हिस्सा हैं और उनके जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव लाना कंपनी की प्राथमिकता है।

2 जून से शुरू होगा बालिका सशक्तिकरण योजना
इस अवसर पर बालिका सशक्तिकरण अभियान की भी घोषणा की गई। आगामी 2 जून से शुरू होने वाले इस अभियान के तहत बारुण और नबीनगर प्रखंड की 60 छात्राओं को गणित, अंग्रेजी, हिंदी, कंप्यूटर, योग और कराटे का निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाएगा। छात्राओं के लिए छात्रावास और पौष्टिक भोजन की व्यवस्था भी की जाएगी।



